अंतरराष्ट्रीय मूल्य वृद्धि के बावजूद किसानों को पुरानी दरों पर ही मिले खाद- PM

रिपोर्ट- राम शंकर जायसवाल

अंतरराष्ट्रीय मूल्य वृद्धि के बावजूद किसानों को पुरानी दरों पर ही मिले खाद- PM

देश (उत्कर्ष धारा 24)

सरकार ने खाद सब्सिडी बढ़ाने का किसान हितैषी निर्णय लिया है डीएपी खाद पर सब्सिडी 140% बढ़ाई गई है किसानों को डीएपी पर 500 रुपये प्रति बोरी से बढ़कर अब 1200 रुपये प्रति बोरी की सब्सिडी मिलेगी।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने खाद कीमतों के मुद्दे पर एक उच्च स्तरीय बैठक की अध्यक्षता की उन्हें खाद कीमतों के विषय पर विस्तृत जानकारी प्रेजेंटेशन के माध्यम से दी गई।

मीटिंग में इस बात चर्चा हुई कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फॉस्फोरिक एसिड, अमोनिया आदि की बढ़ती कीमतों के कारण खाद की कीमतों में वृद्धि हो रही है प्रधानमंत्री ने जोर देकर कहा कि अंतरराष्ट्रीय कीमतों में बढ़ोतरी के बावजूद किसानों को पुरानी दरों पर ही खाद मिलनी चाहिए।

पिछले साल डीएपी की वास्तविक कीमत 1,700 रुपये प्रति बोरी थी जिसमें केंद्र सरकार 500 रुपये प्रति बैग की सब्सिडी दे रही थी. इसलिए कंपनियां किसानों को 1200 रुपये प्रति बोरी के हिसाब से खाद बेच रही थीं।

हाल ही में डीएपी में इस्तेमाल होने वाले फॉस्फोरिक एसिड, अमोनिया आदि की अंतरराष्ट्रीय कीमतें 60% से 70% तक बढ़ गई हैं इसी कारणवश, एक डीएपी बैग की वास्तविक कीमत अब 2400 रुपये है, जिसे खाद कंपनियों द्वारा 500 रुपये की सब्सिडी घटा कर 1900 रुपये में बेचा जाता है. आज के फैसले से किसानों को 1200 रुपये में ही डीएपी का बैग मिलता रहेगा।